200 करोड़ रुपये की वसूली केस में सुकेश चंद्रशेखर की समझौता याचिका पर दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में आज सुनवाई जारी है। सुकेश चंद्रशेखर, जो दिल्ली पुलिस द्वारा दर्ज ₹200 करोड़ के बड़े वसूली (रंगदारी/ठगी) मामले में न्यायिक हिरासत में हैं, ने शिकायतकर्ता आदिति सिंह को ₹217 करोड़ का सेटलमेंट ऑफर अदालत में पेश किया है। इस प्रस्ताव के तहत वह मूल राशि ₹200 करोड़ के साथ ₹17 करोड़ अतिरिक्त के रूप में देने को तैयार हैं, ताकि मामला सौहार्दपूर्ण तरीके से समाप्त हो सके। कोर्ट ने इस याचिका पर 3 जनवरी को सुनवाई तय की है और दोनों पक्षों के तर्कों को सुना जा रहा है। 

यह मामला 2022 में तब उजागर हुआ था जब दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने सुकेश पर आरोप लगाया कि उन्होंने रैनबैक्सी के पूर्व प्रमोटर शिविंदर सिंह और मालविंदर सिंह की पत्नियों से कथित तौर पर ₹200 करोड़ की ठगी और रंगदारी ली, जिसके लिए उन्होंने मकोका (MCOCA) जैसे कानूनों के तहत भी मामला दर्ज किया था। सुकेश और उसके सहयोगियों पर आरोप है कि उन्होंने फर्जी वादों और उच्च-स्तरीय अधिकारियों के नाम का इस्तेमाल कर भारी रकम ऐंठी। सुकेश का दावा है कि सेटलमेंट प्रस्ताव उसके कानूनी अधिकारों को प्रभावित किए बिना किया जा रहा है और इसे किसी अपराध की स्वीकारोक्ति नहीं माना जाना चाहिए। 

कोर्ट अब यह देखेगी कि क्या इस ₹217 करोड़ के समझौते को स्वीकार किया जा सकता है और क्या इससे मामला आगे की कठिन कानूनी लड़ाई से बच सकता है या नहीं। अगर अदालत इसे मंजूर करती है, तो इससे सुकेश और शिकायतकर्ता के बीच विवाद के निपटारे का मार्ग खुल सकता है, लेकिन यह भी संभव है कि कोर्ट अभियोग और सबूतों के आधार पर पूरे मामले को आगे चलाने का आदेश दे। 

सुकेश इस समय तिहाड़ जेल में बंद हैं और उन पर कई अन्य मामलों में भी अलग-अलग जांच एजेंसियों द्वारा जांच जारी है। इस केस ने कानूनी और मीडिया दोनों के ध्यान को आकर्षित किया है, खासकर उसके जेल से किए गए कथित बड़े पैमाने के ठगी और रंगदारी के दावों के कारण।