फतह सिंह उजाला/गुरुग्राम 15 अप्रैल । जीरो टॉलरेंस नीति के तहत गुरुग्राम पुलिस ने भूमि माफियाओं और आदतन अपराधियों के खिलाफ एक सटीक एवं सशक्त अभियान चलाते हुए शहर में अवैध कब्जों के संगठित नेटवर्क पर करारा प्रहार किया। पुख्ता खुफिया सूचना के आधार पर हरीनगर, नाहरपुर रूपा, नजदीक बसई फ्लाईओवर सैक्टर-10 एवं फाजिलपुर झाड़सा स्थित सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों की पहचान कर भारी मशीनरी की सहायता से पूरी तरह ध्वस्त किया गया, जिससे सरकारी भूमि को उसके मूल स्वरूप में बहाल किया गया।
इस कार्यवाही में अपराधी कुख्यात गैंगस्टर कौशल चौधरी निवासी नाहरपुर रूपा, गुरुग्राम, महेंद्र यादव उर्फ माही निवासी गांव पहाड़पुर जिला बलिया (उत्तर-प्रदेश) व गजेपाल उर्फ भजनलाल निवासी सरकारी कॉलोनी फाजिलपुर झाड़सा* को चिन्हित किया गया। इन सभी का आपराधिक इतिहास रहा है, जिनमें हिंसक अपराध, हत्या हत्या का प्रयास शस्त्र अधिनियम और अवैध मादक पदार्थ रखने/बेचने जैसे गंभीर अपराध शामिल हैं, तथा ये कई बार जेल जा चुके हैं। *कुख्यात गैंगस्टर कौशल चौधरी पर हत्या करने, हत्या का प्रयास करने, शस्त्र अधिनियम सहित विभिन्न धाराओं के तहत लगभग 35 अभियोग गुरुग्राम में अंकित है।*
गैंगस्टर कौशल चौधरी द्वारा अवैध रूप से जमीन पर कब्जा कर दूध की डेयरी बनाई हुई थी तथा इसका उपयोग संगठित अपराध गतिविधियों के संचालन एवं विस्तार के लिए किया। जांच में यह भी सामने आया कि इन अपराधियों ने अवैध रूप से मकान बनाकर, दूध की डेयरी बनाकर, सरकारी जमीन पर अवैध टीन शेड लगाकर, झुग्गी बस्तियां बसाकर कमजोर वर्गों का शोषण किया, उनसे अवैध रूप से किराया वसूला और इन स्थानों का उपयोग संगठित अपराध गतिविधियों के संचालन एवं विस्तार के लिए किया।
यह संयुक्त कार्यवाही सैक्टर-31, क्राइम यूनिट,सैक्टर-43 एवं सिकंदरपुर द्वारा संबंधित विभागों के समन्वय से की गई। पुलिस की कड़ी निगरानी में सभी अवैध संरचनाओं को हटाकर भूमि को पूर्ण रूप से मुक्त कराया गया तथा पूरे अभियान के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखी गई। गुरुग्राम पुलिस सार्वजनिक भूमि की सुरक्षा, कानून व्यवस्था बनाए रखने और नागरिकों को शोषण से बचाने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ऐसे खुफिया-आधारित सख्त अभियान भविष्य में और अधिक तीव्रता के साथ जारी रहेंगे, ताकि गुरुग्राम को अपराध मुक्त एवं सुरक्षित बनाया जा सके।